मुख्य तथ्य
- याचिकाकर्ता
- ब्लू प्लैटिनम एंटरप्राइजेज एफजेडसीओ
- प्रतिवादी
- प्रेसिटेक्स
- मांगी गई राशि
- M4,016,964.10 (USD247,655.10)
- समझौता तिथि
- 1 दिसंबर 2021
- परिसमापन की तिथि
- 7 सितंबर 2023
- दावा स्वीकृति तिथि
- 28 फरवरी 2024
पृष्ठभूमि
फरार पूर्व सीजीएम ग्रुप निदेशक माधव वसंत दलवी ने कथित धोखाधड़ी के मामले में लगातार अदालती हार के बावजूद कपड़ा कंपनी प्रेसिटेक्स के खिलाफ एक नई कानूनी चुनौती पेश की है। दलवी और उनके परिवार के सदस्य भ्रष्टाचार निरोधक निदेशालय (डीसीईओ) की जांच में वांछित हैं।
डीसीईओ का आरोप है कि दलवी ने कई शेल कंपनियों के जरिए सीजीएम ग्रुप से लगभग एक अरब मालोटी की राशि हड़पने की साजिश रची। इन्हीं शेल कंपनियों में से एक ब्लू प्लैटिनम एंटरप्राइजेज एफजेडसीओ ने अब प्रेसिटेक्स से 4,016,964.10 मालोटी की मांग को लेकर उच्च न्यायालय के वाणिज्य प्रभाग में याचिका दायर की है।
वर्तमान स्थिति
याचिका में कहा गया है कि ब्लू प्लैटिनम और प्रेसिटेक्स के बीच 1 दिसंबर 2021 को एक कथित कपड़ा आपूर्ति समझौता हुआ था। डीसीईओ के अनुसार, यह समझौता शम था, जिसके तहत प्रेसिटेक्स ने ब्लू प्लैटिनम को 164,770.76 अमेरिकी डॉलर (लगभग 2.99 मिलियन मालोटी) का भुगतान किया, जबकि कंपनी केवल एक बिचौलिए के रूप में काम कर रही थी।
ब्लू प्लैटिनम के प्रतिनिधि सुंदीप पुरोहित का दावा है कि कंपनी ने जुलाई और अगस्त 2023 में प्रेसिटेक्स को कपड़े की आपूर्ति की, लेकिन भुगतान नहीं मिला। उन्होंने कहा कि बकाया राशि 247,655.10 अमेरिकी डॉलर (4,016,964.10 मालोटी) है। पुरोहित ने बताया कि 7 सितंबर 2023 को उन्हें पता चला कि प्रेसिटेक्स को परिसमापन में डाल दिया गया है।
परिसमापन के बाद, ब्लू प्लैटिनम ने 19 अक्टूबर 2023 को परिसमापकों के समक्ष दावा दायर किया, जिसे 28 फरवरी 2024 को बिना किसी आपत्ति के स्वीकार कर लिया गया। इसके बावजूद, भुगतान नहीं किया गया है। याचिका में अदालत से प्रेसिटेक्स को 4,016,964.10 मालोटी का भुगतान करने का आदेश देने का अनुरोध किया गया है, साथ ही 28 फरवरी 2024 से 18.5 प्रतिशत वार्षिक ब्याज और मुकदमे की लागत भी मांगी गई है।
| विवरण | राशि/तिथि |
|---|---|
| बकाया राशि (USD) | USD247,655.10 |
| बकाया राशि (M) | M4,016,964.10 |
| समझौता तिथि | 1 दिसंबर 2021 |
| परिसमापन की खोज | 7 सितंबर 2023 |
| दावा दायर | 19 अक्टूबर 2023 |
| दावा स्वीकृत | 28 फरवरी 2024 |
प्रभाव
यह याचिका दलवी की ओर से कानूनी रणनीति का एक और उदाहरण है, जो पहले से ही कई अदालती हार का सामना कर चुका है। लेसोथो की अपील अदालत ने डेनिमैजिक से जुड़े मामले में दलवी के खिलाफ फैसला सुनाया था, जबकि दक्षिण अफ्रीका की अदालत ने लेडीब्रांड की तीन संपत्तियों को जब्त करने का आदेश दिया था।
इस नई याचिका का असर प्रेसिटेक्स के परिसमापन की कार्यवाही पर पड़ सकता है, क्योंकि सीजीएम ग्रुप के मालिक परिसमापन को दलवी की साजिश बता रहे हैं। यदि अदालत ब्लू प्लैटिनम के पक्ष में फैसला सुनाती है, तो परिसमापन प्रक्रिया में अन्य लेनदारों के दावों पर भी असर पड़ सकता है।
भविष्य की संभावनाएं
विश्लेषणात्मक परिदृश्य: नीचे दी गई संभावनाएं निश्चित भविष्यवाणी नहीं हैं।
यदि अदालत ब्लू प्लैटिनम की याचिका स्वीकार कर लेती है, तो प्रेसिटेक्स को बकाया राशि का भुगतान करना पड़ सकता है, जिससे परिसमापन प्रक्रिया में देरी हो सकती है। हालांकि, यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि अदालत डीसीईओ के आरोपों को कितना महत्व देती है, क्योंकि ब्लू प्लैटिनम को शेल कंपनी बताया गया है।
यदि अदालत याचिका खारिज कर देती है, तो दलवी की कानूनी रणनीति को झटका लगेगा, और डीसीईओ की जांच को बल मिल सकता है। फिलहाल, यह स्पष्ट नहीं है कि अदालत क्या फैसला सुनाएगी, और मामले की सुनवाई के बाद ही आगे की तस्वीर स्पष्ट हो पाएगी।
स्रोत: sundayexpress.co.ls



