डाक विभाग ने सोमवार को नई दिल्ली के बीकानेर हाउस में आयोजित समारोह में प्रसिद्ध कलाकार, वास्तुकार, मूर्तिकार और लेखक दिवंगत सतीश गुजराल के शताब्दी वर्ष पर स्मारक डाक टिकट जारी किया। केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया ने टिकट जारी किया।
सिंधिया ने कहा कि डाक टिकट आकार में छोटे होते हैं, लेकिन इनमें देश की आत्मा समाहित होती है और वे पीढ़ियों तक भारत के इतिहास, संस्कृति और सामूहिक स्मृतियों को संरक्षित रखते हैं। उन्होंने सतीश गुजराल को दृढ़ता, नवाचार और उत्कृष्टता से परिपूर्ण रचनात्मक प्रतिभा बताया।
सिंधिया ने गुजराल के डाक विभाग के साथ लंबे संबंधों को याद करते हुए कहा कि उन्होंने डाक टिकटों के डिजाइन के माध्यम से विचारों को प्रभावशाली दृश्य कथाओं में बदला। वीएसएनएल के 125वें वार्षिक स्मारक पर जारी टिकट में संचार के विचार को दृश्य रूपकों से प्रस्तुत किया गया था।
स्मारक टिकट पर सतीश गुजराल बैठे हुए हाथ में पेंटब्रश थामे दिखाई दे रहे हैं। पृष्ठभूमि में बैंगनी और नीले रंगों का प्रयोग किया गया है। टिकट को डिजाइनर अनुज कुमार ने डिजाइन किया है और इसका प्रस्ताव रसील गुजराल अंसल ने रखा था।
समारोह में पोस्टमास्टर जनरल जितेन्द्र गुप्ता, मुख्य डाकपाल महानिदेशक कर्नल अखिलेश कुमार पांडेय, चित्रकार जतिन दास, नेशनल गैलरी ऑफ मॉडर्न आर्ट के पूर्व निदेशक डॉ. राजीव लोचन, रसील गुजराल अंसल और गुजराल परिवार के सदस्य मौजूद रहे।
स्रोत: डीडी न्यूज़, प्रसार भारती



